Donald Trump ने China के राष्ट्रपति Xi Jinping से दो दिन की मीटिंग के लिए बड़े-बड़े CEOs को साथ लाने का फैसला किया है। इनमें Apple के CEO Tim Cook (जिन्हें Trump "Tim Apple" बुलाते हैं), Nvidia के CEO Jensen Huang और Tesla के CEO Elon Musk शामिल हैं।
Experts का कहना है कि Trump के पास इस summit में बहुत कम leverage है। उनकी पूरी योजना जो उन्होंने office में आते समय बनाई थी, वो largely fail हो गई है।
Trump की योजना क्यों फेल हुई?
Trump का plan था कि वो Ukraine conflict को resolve करेंगे, Israel और Gaza में शांति लाएंगे, अपने Liberation Day tariffs लॉन्च करेंगे, और जल्दी से US supply chains को diversify करेंगे। Business Insider के मुताबिक, इन सबसे उन्हें China पर काफी leverage मिलता।
लेकिन ऐसा कुछ नहीं हुआ। इसके बजाय, Trump के Iran में escalations ने China को और भी ज्यादा leverage दे दिया है। और Xi को इस बात का पूरा पता है।
CEOs को क्यों बुलाया गया?
Trump ने Tim Cook, Jensen Huang और Elon Musk जैसे दिग्गज CEOs को साथ लाने का फैसला किया है ताकि बातचीत में मजबूती आ सके। ये CEOs China में बड़े business interests रखते हैं और Xi के साथ उनके अच्छे संबंध हैं।
Tim Cook को Trump "Tim Apple" बुलाते हैं — ये एक पुराना nickname है जो Trump ने एक meeting में गलती से बोल दिया था। Jensen Huang Nvidia के founder हैं, जो AI chips के लिए मशहूर हैं। Elon Musk Tesla और SpaceX के CEO हैं, जिनका China में बड़ा कारोबार है।
Hamaari Baat: Trump की desperate move
हमारी नज़र में ये Trump की एक desperate move है। जब आपके पास leverage नहीं है, तो आप बड़े-बड़े नामों को साथ लाकर अपनी position मजबूत करने की कोशिश करते हैं। लेकिन Xi को ये बात पता है कि Trump के पास कोई strong hand नहीं है।
Tim Cook, Jensen Huang और Elon Musk जैसे CEOs की मौजूदगी से Trump को थोड़ी मदद मिल सकती है, लेकिन ये कोई बड़ा बदलाव नहीं लाएगी। Xi जानते हैं कि उनके पास ज्यादा cards हैं, और वो इसका फायदा उठाएंगे।
Seedha baat karein तो Trump की ये strategy एक gamble है। अगर ये CEOs Xi को कुछ concessions दिला पाते हैं, तो Trump के लिए ये बड़ी जीत होगी। लेकिन अगर नहीं, तो ये एक और diplomatic failure होगा।
Sources & References
- Trump Xi Summit CEOs Report — Business Insider