झारखंड की महिला उद्यमियों की किस्मत बदलने वाली एक बड़ी योजना सामने आई है। राज्य सरकार ने IIM कोलकाता के साथ हाथ मिलाकर 50 हजार महिलाओं को 'करोड़पति दीदी' बनाने की तैयारी की है। इस योजना के तहत महिलाओं को आधुनिक व्यापारिक तकनीकों से जोड़ा जाएगा और उनकी आय बढ़ाने पर फोकस किया जाएगा।
तीन साल का रोडमैप और 50 हजार महिलाओं का चयन
गुरुवार को ग्रामीण विकास मंत्री दीपिका पांडेय सिंह और विभागीय अधिकारियों के सामने IIM कोलकाता की टीम ने इस योजना का प्रेजेंटेशन दिया। योजना के तहत अगले तीन वर्षों में राज्य भर की करीब 50 हजार सुयोग्य महिला उद्यमियों का डेटा तैयार कर उन्हें तकनीकी रूप से प्रशिक्षित किया जाएगा।
24 जिलों के 264 प्रखंडों में होगा प्रशिक्षण
इस योजना का दायरा पूरे राज्य में है। झारखंड के सभी 24 जिलों के 264 प्रखंडों में उद्यमिता से जुड़ी महिलाओं को प्रशिक्षित किया जाएगा। खास बात यह है कि JSLPS (झारखंड स्टेट लाइवलीहुड प्रमोशन सोसाइटी) से जुड़ी 1.24 लाख महिला उद्यमियों को इस कार्यक्रम से अधिक से अधिक लाभान्वित करने की योजना है।
हमारी बात: यह योजना क्यों है खास
हमारी नज़र में यह योजना झारखंड की महिलाओं के लिए एक गेम-चेंजर साबित हो सकती है। IIM कोलकाता जैसे प्रतिष्ठित संस्थान का साथ मिलने से महिलाओं को वर्ल्ड-क्लास ट्रेनिंग मिलेगी। सरकार का फोकस सिर्फ प्रशिक्षण पर नहीं, बल्कि महिलाओं को आत्मनिर्भर और 'करोड़पति दीदी' बनाने पर है। अगर यह योजना सही तरीके से लागू होती है, तो झारखंड की अर्थव्यवस्था में महिलाओं की भागीदारी काफी बढ़ सकती है।